इंग्लैंड के तेज गेंदबाज जेम्स एंडरसन (James Anderson) का कहना है कि भारत के खिलाफ पांच टेस्ट मैचों की श्रृंखला के दौरान अधिक खिलाड़ियों को रोटेशन से गुजरना पड़ सकता है क्योंकि मैचों के बीच आराम करने के ज्यादा मौके नहीं मिलेंगे। का बहुत अधिक मौका नहीं मिलेगा।

इंग्लैंड एवं वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) की रोटेशन पॉलिसी के बारे में एंडरसन ने कहा, ‘भारत के खिलाफ पांच टेस्ट मैचों के बीच आराम का बहुत कम समय मिलेगा और इसलिए उसमें अलग रणनीति अपनाई जा सकती है। ऐसे में खिलाड़ियों को आराम देने के लिए उन्हें ज्यादा अंदर बाहर किया जा सकता है।”

इंग्लैंड की टीम दो जून से न्यूजीलैंड के​ खिलाफ टेस्ट सीरीज खेलेगी और उसके बाद भारत के खिलाफ पांच मैचों की सीरीज होगी।

ईएसपीएनक्रिकइन्फो के अनुसार एंडरसन ने कहा, “सर्दियों में हमने जितनी क्रिकेट खेली और बायो बबल (जैव सुरक्षित वातावरण) में जितना समय बिताया उसमें रोटेशन की नीति को समझा जा सकता है। गर्मियों में ये थोड़ा अलग हो सकता है। अगर सब कुछ अनुकूल रहा तो हम थोड़ा सहज होकर खेल सकते हैं। हमें ​बायो बबल में पिछले 12 महीनों की तरह जिंदगी नहीं जीनी पड़ेगी। ऐसे में खिलाड़ियों को विश्राम देने के उतने अधिक कारण नहीं हों।’

हालांकि एंडरसन गर्मियों के इस सीजन में होने वाले सभी सात टेस्ट मैच खेलना चाह​ते हैं। उन्होंने कहा, “हां, मैं इन गर्मियों में सभी सात टेस्ट मैचों में खेलना पसंद करूंगा। भारत के​ खिलाफ पांच टेस्ट मैच और उससे पहले न्यूजीलैंड से दो टेस्ट मैच होने हैं। उसके बाद एशेज होगी। इसलिए हम इस सत्र की अच्छी शुरुआत करना चाहते हैं।”

एंडरसन ने कहा, ‘इसलिए यदि हम अपनी मजबूत टीम का चयन करते हैं तो यह माना जा सकता है कि हम दोनों (एंडरसन और स्टुअर्ट ब्रॉड) उसमें शामिल होंगे और हम दोनों एक साथ नयी गेंद संभालना पसंद करेंगे। हमने एक दूसरे को संदेश भेजे कि यदि हम दोनों साथ में खेलते हैं तो अच्छा होगा। इसका फैसला पूरी तरह से कप्तान और कोच पर निर्भर करेगा।”

एंडरसन को प्रथम श्रेणी क्रिकेट में 1000 विकेट पूरे करने के लिये केवल आठ विकेट की जरूरत है। उन्होंने कहा, “1000 विकेट बहुत अधिक लगता है। वर्तमान समय में मैं नहीं जानता कि प्रथम श्रेणी क्रिकेट में इतने अधिक विकेट हासिल करना संभव है। जितनी अधिक क्रिकेट खेली जा रही है उसमें गेंदबाजों का करियर बहुत लंबा नहीं लगता। इसके अलावा बहुत अधिक टी20 क्रिकेट भी खेली जा रही है।”