भारतीय क्रिकेट इतिहास में ऐसे कई किस्से हैं, जहां पूर्व दिग्गज बल्लेबाज राहुल द्रविड़ (Rahul Dravid) के शानदार डिफेंस ने विपक्षी टीम की हर योजना को असफल कर दिया हो चाहे वो योजना मैदान के अंदर की हो या बाहर की। पाकिस्तान के पूर्व तेज गेंदबाज शोएब अख्तर (Shoaib Akhtar) ने भी एक ऐसा ही मैच याद किया जहां वो और उनके कप्तान शाहिद आफरीदी (Shahid Afridi) द्रविड़ को इसलिए जल्दी आउट करना चाहते थे ताकि वो शुक्रवार की शाम चैन से बिता सकें।

पूर्व भारतीय क्रिकेटर आकाश चोपड़ा के शो आकाश-वाणी पर अख्तर ने 1999 विश्व कप में भारत-पाकिस्तान के बीच हुआ मैच याद किया। याद दिला दें कि उस मैच में टीम के प्रमुख बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर (Sachin Tendulkar) नहीं खेल रहे थे, ऐसे में शुरुआती विकेट जल्दी खोने के बाद भारत मुश्किल में आ गया था लेकिन द्रविड़ ने पारी को संभाला।

292 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए इस पूर्व बल्लेबाज ने 37 गेंदो पर 25 रन पारी खेली लेकिन अजहर महमूद की गेंद पर द्रविड़ के आउट होने के बाद भारत 123 रन से ये मैच हार गया।

अख्तर ने कहा, “अगर कोई बल्लेबाज राहुल द्रविड़ की तरह खेलता है तो हम उसे लेंथ बॉल कराते हैं। स्टंप के करीब से हम बैट और पैड के बीच के गैप को निशाना बनाते हैं और पैड को हिट करने की कोशिश करते हैं। बैंगलोर में एक फाइनल मैच था, जहां मैंने सदगोप्पन रमेश को जल्दी आउट कर दिया था। सचिन तेंदुलकर नहीं खेल रहा था।”

उन्होंने आगे कहा, “शाहिद आफरीदी और मैंने कहा कि राहुल द्रविड़ बहुत समय लेगा और आज शुक्रवार है। आफरीदी ने कहा कि कुछ भी गेंद करो और उसका विकेट ले लो वर्ना वो लंबा खेलेगा। मैंने सीधा पैड पर गेंद डाली और अंपायर से अपील की। मैंने उनसे ये भी कहा कि ये हमारी शुक्रवार की शाम है। उन्होंने हमारे पक्ष में फैसला नहीं दिया लेकिन आखिर में हम जीत गए। द्रविड़ एक मुश्किल और दृढ़ निश्चियी बल्लेबाज था। ये मेरे लिए भी उतना ही मुश्किल था, जितना उसके लिए था। वो मेरे खिलाफ आसानी से खेलता था।”

अख्तर तेंदुलकर के अलावा द्रविड़ समेत वीरेंदर सहवाग को कड़ा प्रतिद्वंद्वी मानते हैं।