पूर्व भारतीय क्रिकेटर सुरेश रैना (Suresh Raina) जम्मू एवं कश्मीर में वंचित बच्चों को सीखने का मौका देकर वहां क्रिकेट को बढ़ावा देना चाहते हैं। रैना ने जम्मू एवं कश्मीर के डीजीपी दिलबाग सिंह को पत्र लिखा है, जिसमें उन्होंने कहा है कि वो खेल को कुछ वापस देना चाहते हैं। पिछले शनिवार को जम्मू एंड कश्मीर पुलिस ने रैना को क्रिकेट के गुर सिखाने के लिए आमंत्रित किया था।

उन्होंने लिखा, “मैंने 15 साल अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी पहचान बनाई है और इसलिए मैं अपने अनुभव और योग्यता अगली पीढ़ी को देना चाहता हूं।”

हाल ही में अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कहने वाले रैना ने कहा कि वो ग्रामीण इलाकों में स्कूल और कॉलेज में खेल को बढ़ावा देना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य केंद्र शासित राज्य में ग्रामीण इलाकों में प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को चुनना है और उनको ट्रेनिंग देना है।

उन्होंने अपने पत्र में लिखा, “मेरी मंशा इस हिस्से के अलग-अलग स्कूलों, कॉलेजों से प्रतिभाशाली युवा खिलाड़ियों को तलाशने की है। क्रिकेट सिर्फ एक खेल नहीं है बल्कि यह एक प्रक्रिया है जो लोगों के समूह को पेशेवर रवैये, अनुशासन, फिट रहने और शारीरिक तथा मानसिक तौर पर स्वास्थ रख एक आकार दे सकती हैं और उन्हें सुधार सकती है।