t20 world cup set to be moved out of india bcci tell icc
T20 वर्ल्ड कप @SGanguly99Twitter

इस साल अक्टूबर-नवंबर में भारत में आयोजित होना वाले टी20 वर्ल्ड कप का आयोजन अब देश से बाहर होना तय है. आईसीसी के इस टूर्नामेंट को यूएई और ओमान में आयोजित करने की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं. भारत में इन दिनों कोविड- 19 (Covid 19) वायरस की दूसरी लहर का सामना कर रहा है और इस बीच भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) को अंदरुनी तौर पर इसकी तैयारी करने की सूचना दे दी है.

पहले इस टूर्नामेंट के लिए संयुक्त अरब अमीरात (UAE) को पहला विकल्प माना जा रहा था. अब अबू धाबी, दुबई और शारजाह के साथ-साथ ओमान की राजधानी मस्कट को चौथे स्थान के रूप में जोड़ा गया है. इस टूर्नामेंट का आयोजन अक्टूबर के अंतिम सप्ताह में होगा. आईसीसी बोर्ड में इस घटनाक्रम से अवगत बीसीसीआई के एक वरिष्ठ अधिकारी ने गोपनीयता की शर्त पर पीटीआई को यह जानकारी दी.

इस अधिकारी ने बताया, ‘हां, बीसीसीआई ने आईसीसी बोर्ड की बैठक के दौरान औपचारिक रूप से अंतिम निर्णय लेने के लिए 4 सप्ताह का समय मांगा है, लेकिन आंतरिक रूप से उन्होंने कहा है कि वे मेजबानी के अधिकार रखना चाहेंगे और टूर्नामेंट के संयुक्त अरब अमीरात (UAE) तथा ओमान में आयोजन पर कोई आपत्ति नहीं होगी.’

उन्होंने कहा कि 16-टीम की प्रतियोगिता के प्रारंभिक दौर के मैचों के लिए मस्कट को विशेष रूप से मेजबान के तौर पर रखा गया है. इससे आईपीएल (IPL 2021) के 31 मैचों की मेजबानी करने वाले यूएई के तीन मैदानों को तरोताजा होने के लिए पर्याप्त समय मिल सकेगा.

उन्होंने कहा, ‘अगर आईपीएल 10 अक्टूबर तक खत्म हो जाता है तो यूएई में T20 वर्ल्ड कप के मैचों को नवंबर में शुरू किया जा सकता है. इससे वैश्विक प्रतियोगिता के लिए पिचों को तैयार करने के लिए तीन सप्ताह का समय मिलेगा. इस बीच, पहले सप्ताह के मुकाबले ओमान में खेले जा सकते हैं.’

आईसीसी बोर्ड के अधिकांश सदस्यों का मानना ​​​​है कि भारत समय काटने की कोशिश कर रहा है क्योंकि अक्टूबर-नवंबर में परिस्थितियां कैसी होxगी इसका अंदाजा लगाना काफी मुश्किल है.

उन्होंने कहा, ‘अगर आप व्यावहारिक रूप से इसके बारे में सोचते हैं तो भारत अब कोविड-19 संक्रमण के 1,20,000 से अधिक मामले रोजाना आ रहे हैं जो कि अप्रैल के अंत और इस महीने की शुरुआत में आने वाले मामलों के मुकाबले में एक तिहाई के करीब हैं.’

इस अनुभवी अधिकारी ने कहा, ‘आप 28 जून को टी20 वर्ल्ड कप की मेजबानी के लिए कैसे हां कह सकते हैं, अगर तीसरी लहर आती है तो आप अक्टूबर के बारे में अभी से स्वास्थ्य स्थिति के बारे में कैसे सोच सकते हैं.’

इस मामले में दूसरा सवाल यह है कि अगर बीसीसीआई भारत में सितंबर में 8 टीमों के आईपीएल को फिर से शुरू करने में झिझक रहा है, तो वह एक महीने के भीतर देश में 16 टीमों की मेजबानी कैसे कर सकता है.

उन्होंने कहा, ‘बीसीसीआई में हर कोई जानता है कि कोविड-19 पर मानसून का कोई असर नहीं होगा. इस टूर्नामेंट पर 2500 करोड़ रूपये के राजस्व का दांव लगा होगा.’

इस टूर्नामेंट से जुड़े हुए आईसीसी के असोसिएट देश के एक अधिकारी ने कहा, ‘यह 16 देशों का टूर्नामेंट है और अगर किसी एक टीम के बबल (जैव-सुरक्षित) में कई मामले (कोविड-19) आ गए तो तो यह आईपीएल की तरह नहीं होगा. टीमों के पास 14-15 खिलाड़ियों के बाहर चयन का विकल्प नहीं होगा. इसमें और भी कई मसले हैं.’

एक और बड़ा सवाल यह है कि अगर स्थिति में बहुत सुधार हुआ भी तो कितने विदेशी खिलाड़ी भारत आने का जोखिम लेना चाहेंगे. उन्होंने कहा, ‘वे आईपीएल खेलने के लिए यूएई आएंगे और वहीं पर T20 वर्ल्ड कप में खेलने के लिए भी तैयार होंगे.’

(इनपुट: भाषा)