The Ashes 2017-18: Nathon Lyon makes Alastair Cook his bunny for 7th time in Test cricket
नाथन लायन © IANS

इंग्लैंड बनाम ऑस्ट्रेलिया एडिलेड टेस्ट के चौथे दिन ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाज नाथन लायन ने एलेस्टर कुक को अपना बनी बनाया। खेल की शुरुआत में ऑस्ट्रेलिया की दूसरी पारी 138 पर सिमट गई। इस दौरान इंग्लैंड के अनुभवी तेज गेंदबाज जेम्स एंडरसन ने शानदार पांच विकेट हॉल लिया। ऑस्ट्रेलिया का कोई भी बल्लेबाज 20 का आंकड़ा पार नहीं कर पाया। मेजबान टीम ने इंग्लैंड के सामने जीत के लिए 353 का विशाल लक्ष्य रखा है। गौरलतब है कि एडिलेड के मैदान पर आज तक किसी भी टेस्ट मैच में 350 से ज्यादा का लक्ष्य हासिल नहीं किया जा सका है। इस मैदान पर सबसे सफल चेज ऑस्ट्रेलिया ने ही दर्ज की थी, जब कंगारू टीम ने 1902 में इंग्लैंड के खिलाफ 315 रनों का लक्ष्य हासिल किया। इंग्लैंड ने ऑस्ट्रेलिया में सबसे सफल 332 रनों की चेज 1928 में एमसीजी के मैदान पर दर्ज की थी।

नाथन लायन के ‘बनी’ बने एलेस्टर कुक

इंग्लैंड के पूर्व कप्तान और सलामी बल्लेबाज एलेस्टर कुक स्पिन के खिलाफ अक्सर परेशान होते हैं और उनकी इसी कमजोरी का फायदा उठाया नाथन लायन ने। ऑस्ट्रेलियाई स्पिनर ने कुक को अब तक कुल 7 बार आउट किया है जो किसी भी गेंदबाज के लिए सर्वाधिक है। टेस्ट क्रिकेट में किसी भी गेंदबाज ने कुक को 3 से ज्यादा बाद आउट नहीं किया है।

400 से ज्यादा टेस्ट विकेट ले सकते हैं लायन

लायन की इस शानदार उपलब्धि पर पूर्व कप्तान रिकी पॉन्टिंग ने उनकी जमकर तारीफ की। पॉन्टिंग ने क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया से बातचीत में कहा कि लायन टेस्ट क्रिकेट में 400 से ज्यादा विकेट ले सकते हैं। उन्होंने कहा, “वो आराम से आने वाले 5-7 सालों तक क्रिकेट खेल सकता है। वो फिट है और अच्छी गेंदबाजी कर रहा है। ऐसा नहीं लग रहा है कि वह जल्दी ही धीमा पड़ जाएगा। लायन का रिकॉर्ड शायद कम आंका जा रहा है। वो ऐसा शख्स है जिसके बारे में उतनी बात नहीं की जाती, जितनी की जानी चाहिए। जरा देखें कि उसने अपने करियर में अब तक क्या क्या किया है, वो शानदार है। अगर वो अगले 4-5 साल के लिए खेलता है और इस साल वह 50 विकेट लेता है तो वो 400 से ज्यादा विकेट ले सकता है। हम इसकी पूरी उम्मीद करते हैं।”

एडिलेट टेस्ट के चौथे दिन का खेल खत्म होने तक इंग्लैंड टीम ने 4 विकेट खोकर 176 रन बना लिए हैं। उसे के लिए अब भी 178 रनों की जरूरत है। आंकड़ों की बात करें तो 350 से ज्यादा रनों का पीछा करते हुए इंग्लैंड ने 97 मैचों में से एक भी नहीं जीता है। 22 मैच ड्रॉ रहे हैं, जबकि 75 में इंग्लैंड को हार का सामना करना पड़ा है।