Trevor Bayliss, Paul Farbrace hopes International cricket’s return to Pakistan after 10 years of Lahore attack
Paul Farbrace © Getty Images

ट्रेवर बेलिस और पॉल फारब्रेस ने उम्मीद जताई है कि 10 साल पहले लाहौर में हुए आंतकी हमले के बाद पाकिस्तान फिर से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट की मेजबानी कर सकेगा।

तीन मार्च 2009 को श्रीलंकाई टीम की बस पर आंतकी हमला हुआ था, तब बस टीम के खिलाड़ियों को पाकिस्तान के खिलाफ टेस्ट के लिए गद्दाफी स्टेडियम लेकर जा रही थी। इसमें आठ पुलिसकर्मी और प्रत्यक्षदर्शियों की मौत हो गई थी जबकि छह अन्य घायल हो गए थे।

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इंग्लैंड के कोच बेलिस और सहायक कोच फारब्रेस उस समय श्रीलंकाई टीम के साथ इन्हीं भूमिकाओं में थे। हमले के 10 साल पूरे होने पर फारब्रेस ने बीबीसी से कहा, ‘‘मैं अपने सनग्लास साफ कर रहा था और अगले ही सेंकेड बस पर हमला हेा गया। मैं मुड़ा और मैंने खिड़की के बाहर देखा तो एक व्यक्ति बंदूक चलाते हुए बस की ओर आ रहा था।’’

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इस हमले के छह साल के बाद तक किसी अंतरराष्ट्रीय टीम ने पाकिस्तान का दौरा नहीं किया और पाकिस्तान को अपने सारे घरेलू मैच संयुक्त अरब अमीरात में खेलने के लिए बाध्य होना पड़ा। ये स्थिति अभी तक जारी है। फारब्रेस ने कहा, ‘‘मैं उम्मीद करता हूं कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट पाकिस्तान में लौटे।’’

बेलिस ने पाकिस्तानी क्रिकेट प्रशंसकों को दुनिया के सर्वश्रेष्ठ प्रशंसकों में शामिल करने की बात कहते हुए कहा, ‘‘मैं उम्मीद करता हूं फिर से वहां क्रिकेट शुरू हो जाए।’’