भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) का मानना है कि खाली स्टेडियम में क्रिकेट के लिए उस तरह का माहौल नहीं बन सकता जो कि एक दर्शकों से भरे स्टेडियम में होता है। क्रिकेट कनेक्टेड शो के दौरान कोविड-19 महामारी की वजह से खाली स्टेडियम में मैचों के आयोजन पर चर्चा करते हुए भारतीय कप्तान ने ये बात कही।

कोहली ने कहा, “मैंने इसके बारे में काफी सोचा। ये स्पष्ट रूप से एक बहुत ही संभावित स्थिति है। ऐसा हो सकता है। ईमानदारी से कहूं तो मुझे नहीं पता कि लोग इस पर कैसी प्रतिक्रिया देंगे। हमें जुनूनी फैंस के सामने खेलने की आदत है। मैदान पर हम लोगों के उत्साह से ऊर्जा हासिल करते हैं।”

उन्होंने कहा, “चाहे आप किसी और देश में खेल रहे हों, जहां दर्शक हमारे खिलाफ हैं। आप उसे भी मुश्किलों के खिलाफ लड़ाने करते रहने के लिए इस्तेमाल करते हैं और इससे हमें अलग तरह का दृढ़ निश्चय मिलता है क्योंकि आप ना केवल ग्यारह खिलाड़ियों के खिलाफ खेलते हो बल्कि पूरे स्टेडियम के खिलाफ खेलते हो।”

कोहली ने माना कि खाली स्टेडियम में भी अच्छा आयोजन किया जा सकता है लेकिन दर्शकों की कमी काफी खलेगी। उन्होंने कहा, “ये भी गंभीरता के साथ खेला जाएगा लेकिन दर्शकों के साथ जुड़ने का एहसास याद आएगा। और उन भावनाओं को (खाली स्टेडियम में) दोहराना मुश्किल होगा। इसलिए चीजें आगे बढ़ती रहेंगी लेकिन मुझे शक है कि उस माहौल में आपको कुछ जादुई महसूस होगा।”

इस कार्यक्रम के दौरान कोहली ने बताया कि कौन सा मैच है जिसका माहौल उन्हें आज भी याद है। उन्होंने कहा, “2011 विश्व कप फाइनल के अलावा दूसरा मैच जिसका माहौल मुझे पसंद है वो था साल 2016 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मोहाली में खेला गया टी20 मैच।”