विराट कोहली-महेंद्र सिंह धोनी  © Getty Images
विराट कोहली-महेंद्र सिंह धोनी © Getty Images

पूर्व भारतीय कप्तान सौरव गांगुली का मानना है कि हाल में वनडे फॉर्मेट में महेंद्र सिंह धोनी के शानदार प्रदर्शन का श्रेय विराट कोहली को भी मिलना चाहिए। बंगाल क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष ने कहा कि कप्तान के भरोसा दिखाने की वजह से ही खिलाड़ी में आत्मविश्वास आता है। पूर्व क्रिकेटर ने इंडिया टुडे से खास बातचीत में कहा कि, “यह कप्तान का भरोसा होता है और विराट को धोनी पर विश्वास जताने और उसे खुलकर खेलने की आजादी देने का श्रेय जरूर मिलना चाहिए। विश्वास की वजह से खिलाड़ी बनते और टूटते हैं और मुझे लगता है कि आज हम जिस एम एस धोनी को देख पा रहे हैं उसके लिए कोहली को भी श्रेय जाना चाहिए।”

2017 की शुरुआत में कप्तानी छोड़ने के बाद भी धोनी की फॉर्म बरकरार रही। श्रीलंका दौरे और फिर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे के साथ धोनी ने इस साल कई बार टीम इंडिया को मुश्किल हालात से निकाला है। धोनी वनडे में 10,000 के आंकड़े को छूने से 263 रन दूर हैं। गांगुली का मानना है कि समय के साथ हर खिलाड़ी बेहतर होता जाता है। उन्होंने आगे कहा, “जब कोई खिलाड़ी इतने लंबे समय तक खेल लेता है जैसे धोनी 300 वनडे खेल चुका है तो उन्हें समझ आ जाता है कि रन कैसे बनाने हैं। वनडे क्रिकेट में 9,000 से ज्यादा रन बना चुके धोनी अपने करियर के खत्म होने तक और रन बनाएंगे।” ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ चेन्नई वनडे में धोनी ने दबाव में 79 रनों की धमाकेदार पारी खेली और टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया। कुलदीप यादव और युजवेंद्र चहल की शानदार गेंदबाजी की बदौलत भारत ने ये मैच 26 रनों से जीत लिया।

गांगुली ने धोनी की इस पारी की तारीफ करते हुए कहा, “उन्होंने अपनी पारी शानदार तरीके से आगे बढ़ाई और अपने अनुभव का पूरा इस्तेमाल करते हुए हालात के हिसाब से बल्लेबाजी की। जब कोई कप्तान ऐसे खिलाड़ी पर भरोसा दिखाता है जिसने 300 से ज्यादा मैच खेलें हों तो रन आते हैं।” भारत ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दूसरा वनडे 21 सितंबर को कोलकाता के ईडन गार्डन में खेला जाएगा।