Virat Kohli vs MS Dhoni: माइकल वॉन ने समझाया विराट-धोनी में से कौन है भारत का सर्वश्रेष्ठ कप्तान ?
विराट कोहली की कप्तानी में भारत को 18 जून से वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल खेलना है.
Published On May 29, 2021, 11:04 AM IST
Last UpdatedMay 29, 2021, 11:04 AM IST
इंग्लैंड की टीम के पूर्व कप्तान माइकल वॉन (Michael Vaughan) ने मौजूदा वक्त में टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली और पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (Virat Kohli vs MS Dhoni) के करियर की तुलना की. वॉन का मानना है कि विराट और धोनी दोनो ने ही भारतीय क्रिकेट को नई ऊंचाईयों तक पहुंचाया.
माइकल वॉन (Michael Vaughan) ने कहा, “मेरी नजर में महेंद्र सिंह धोनी शानदार हैं. खासतौर पर व्हाइटबॉल क्रिकेट और टी20 गेम में. वो बड़े अंतर से टी20 क्रिकेट के सर्वश्रेष्ठ कप्तान हैं.”
“मुझे लगता है जो भी वो भारतीय क्रिकेट में लाए हैं वो सच में शानदार है. हालांकि मै ये भी कहूंगा कि विराट कोहली पूर्व कप्तान धोनी (Virat Kohli vs MS Dhoni) के मुकाबले टेस्ट क्रिकेट में अच्छे हैं. विराट कोहली ने शानदार तरीके से टेस्ट टीम का नेतृत्व किया है. मैं टेस्ट मे एमएस से पहले विराट को चुनूंगा लेकिन सफेद गेंद के क्रिकेट में धोनी आगे हैं.”
माइकल वॉन (Michael Vaughan) ने आगे कहा, “अगर मुझे कहा जाए कि सभी फॉर्मेट में मिलाकर दोनों में से केवल एक खिलाड़ी का चुनाव करना है तो मैं महेंद्र सिंह धोनी को चुनूंगा.”
बता दें कि खेल के छोटे दोनों प्रारूपों की बात की जाए तो विराट कोहली आज तक टीम इंडिया को एक भी आईसीसी टूर्नामेंट नहीं जिता पाए हैं. 2017 में विराट की कप्तानी में भारतीय टीम चैंपियन ट्रॉफी में फाइनल तक पहुंचा. 2019 विश्व कप में भारत को सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड के हाथों शिकस्त झेलनी पड़ी थी.
वहीं, महेंद्र सिंह धोनी की बात की जाए तो वो भारत को आईसीसी के सभी तीन प्रारूपों में जीत दिला चुके हैं. 2007 में पहले टी20 विश्व कप के अलावा 2011 में 50 ओवरों का विश्व कप और फिर इसके बाद चैंपियस ट्रॉफी भारत ने धोनी की कप्तानी में ही जीती थी.
आईसीसी टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल 18 से 22 जून के बीच इंग्लैंड के साउथम्पटन में भारत और न्यूजीलैंड के बीच खेला जाना है. ऐसे में विराट के पास पहला आईसीसी इवेंट जीतने का ये अच्छा मौका है. विराट की कप्तानी में भारत ऑस्ट्रेलिया को उन्हीं की धरती पर 2018-19 दौरे पर मात देने में सफल रहा था. ये पहला मौका था जब टेस्ट क्रिकेट में भारतीय टीम ने कंगारुओं को उन्हीं के घर पर हराया हो.