BCCI ने क्यों दी Vaibhav के माता-पिता को साथ ट्रैवल करने की इजाजत? सैकिया ने किया खुलासा

बीसीसीआई ने वैभव सूर्यवंशी के माता-पिता को उनके साथ जाने की इजाजत दे दी है. ऐसा क्यों किया गया है इसपर से भी पर्दा अब उठ गया है.

Edited By : Saurav Kumar |Jun 18, 2026, 03:32 PM IST

Published On Jun 18, 2026, 03:32 PM IST

Last UpdatedJun 18, 2026, 03:32 PM IST

वैभव सूर्यवंशी के माता पिता को इस महीने आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे पर साथ जाने की अनुमति देने के भारतीय क्रिकेट बोर्ड के फैसले के बारे में बोर्ड सचिव देवाजीत सैकिया ने कहा कि 15 साल के एक स्कूली बच्चे को सीनियर टीम में आसानी से ढलने की सहूलियत देना जरूरी है . भारतीय टी20 टीम में पहली बार जगह बनाने वाले सूर्यवंशी को सात मैचों (आयरलैंड के खिलाफ दो और इंग्लैंड के खिलाफ पांच) के लिये चुना गया है . दौरे की शुरूआत 26 जून को बेलफास्ट में होगी.

माहौल में ढलने के लिए बीसीसीआई ने दी इजाजत

सैकिया ने पीटीआई को दिये इंटरव्यू में कहा ,‘‘ सभी राष्ट्रीय टीमों में सीनियर स्तर पर 14 . 15 साल का खिलाड़ी टीम में नहीं होता है . कई दशक बाद हमारे पास वैभव सूर्यवंशी जैसा खिलाड़ी है .’’ उन्होंने कहा ,‘‘ एक समय सचिन तेंदुलकर ( टेस्ट पदार्पण के समय 16 वर्ष छह महीने) थे जिन्होंने कम उम्र में राष्ट्रीय टीम में पदार्पण किया . जब टीम में इतनी कम उम्र का खिलाड़ी हो तो मसले हो सकते हैं .’’

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उन्होंने कहा ,‘‘ उसे सहज बनाने और सीनियर टीम में आसानी से ढलने के लिये हमें लगा कि इससे मदद मिलेगी . टीम में बाकी सभी खिलाड़ी 18 वर्ष से अधिक उम्र के हैं और टीम प्रबंधन के सदस्य भी वयस्क हैं . हमें लगा कि इस फैसले से वैभव के लिये काफी आसान हो जायेगा .’’

सैकिया ने कहा ,‘‘ जब स्कूल के बच्चे ट्रिप पर जाते हैं तो एक सीनियर व्यक्ति उनके साथ होता है . वैभव अभी बच्चा है . अभी स्कूल में ही है . हमें लगा कि उसके माता पिता का साथ जाना सही होगा .’’ सैकिया ने सोशल मीडिया पर चल रही इन अटकलों पर भी हैरानी जताई कि भारतीय बोर्ड श्रीलंका ए के खिलाड़ी के साथ हाल ही में एक मैच के दौरान मैदान पर हुई बहस को लेकर सूर्यवंशी के खिलाफ कार्रवाई करेगा . उन्होंने कहा ,‘‘ सोशल मीडिया पर बहुत कुछ चल रहा है कि बीसीसीआई कार्रवाई करेगा . क्या बीसीसीआई मैच रैफरी है . ऐसे मामलों में अंपायर और मैच रैफरी फैसले लेते हैं .जो कुछ हुआ, वह खेल का हिस्सा था और बीसीसीआई की इसमें कोई भूमिका नहीं है . यह मैच रैफरी का काम है . अगर कोई गलती कर रहा है तो वह फैसला लेंगे.’’

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