पहली बार खेले गए वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल (ICC World Test Championship) में न्यूजीलैंड ने भारत (IND vs NZ WTC 2021) को 8 विकेट से हराकर खिताब पर अपना कब्जा जमा लिया है. 144 साल के टेस्ट इतिहास में यह पहला मौका है, जब दुनिया को टेस्ट क्रिकेट का वर्ल्ड चैंपियन (New Zealand Become 1st Ever Test Champion) मिला है. बारिश से प्रभावित इस मैच में 5 दिनों के खेल तक दोनों टीमों के संयुक्त विजेता बनने की उम्मीद थी. लेकिन जब बारिश से प्रभावित यह मैच रिजर्व डे में पहुंचा तो न्यूजीलैंड ने अपनी बेहतरीन गेंदबाजी के दम पर भारत को उसकी दूसरी पारी में मात्र 170 रनों पर ऑल आउट कर दिया. ये रहे भारत की हार के 5 कारण.

खराब टीम सिलेक्शन

इस मैच में मौसम की रिपोर्ट पहले ही सामने आ चुकी थी कि इस मैच में बारिश का प्रभाव रहेगा. ऐसे में न्यूजीलैंड ने तो परिस्थितियों को भांपते हुए अपने पांचों गेंदबाजों के रूप में तेज गेंदबाजों को मौका दिया. लेकिन भारत ने इससे सबक नहीं लिया और उसने अपने एक नहीं दो स्पिनरों को मैच में उतार दिया, जबकि पहली पारी में दोनों स्पिनरों ने सिर्फ 22 ओवर ही फेंके.

विराट, पुजारा, रहाणे का फ्लॉप शो

भारत को टॉस जीतकर यहां पहले बैटिंग का निमंत्रण मिला था. स्विंग और सीम गेंदबाजी के अनुकूल माहौल के बावजूद रोहित शर्मा और शुबमन गिल ने टीम को ठोस शुरुआत दी. लेकिन इसके बावजूद भारतीय मिडल ऑर्डर का स्तंभ माने जाने वाले कप्तान विराट कोहली, चेतेश्वर पुजाार और अजिंक्य रहाणे एक साथ बड़ी पारियां खेलने से चूक गए. पुजारा (15 और 8) दोनों पारियों में फ्लॉप रहे, वहीं कोहली और रहाणे ने पहली पारी में क्रमश: 44 और 49 रन जरूर जोड़े लेकिन दूसरी पारी में दोनों सिर्फ 13 और 15 रन की पारियां खेलकर आउट हो गए. नतीजा भारतीय टीम को दूसरी पारी में रनों के लिए तरसना पड़ा.

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भारत को खूब खली चौथे फास्ट बॉलर की कमी

तेज गेंदबाजी के लिए शानदार कंडीशंन का भारतीय पेस बॉलरों ने भी जमकर लाभ उठाया. पहली पारी में मोहम्मद शमी (4/76) और इशांत शर्मा (3/48) ने बेहतरीन बॉलिंग की. लेकिन जसप्रीत बुमराह (0/57) बढ़िया बॉलिंग के बावजूद कोई विकेट नहीं ले पाए. ऐसे में भारत को मोहम्मद सिराज की कमी खूब खली. क्योंकि इन परिस्थितियों में वह भी इस मैच में अपना प्रभाव छोड़ सकते थे.

टिम साउदी और काइल जैमीसन ने किया पस्त

भारत की पहली पारी मात्र 217 रनों पर सिमट गई. लेकिन दूसरी पारी में उसके पास खुद को साबित करने का मौका था. मैच के 5वें दिन अच्छी शुरुआत के बावजूद छठे दिन उसके सभी बल्लेबाज एक-एक कर लड़खड़ा गए. इस बार टीम इंडिया के लिए बैटिंग के लिए बेहतरीन कंडिशन्स थीं लेकिन वह कीवी गेंदबाजों के आगे इसका लाभ नहीं उठा पाई और मात्र 170 रनों पर सिमट गई. इसमें भी 41 रन का योगदान रिषभ पंत ने दिया नहीं यह मैच बहुत जल्दी ही खत्म हो चुका होता. इसके चलते न्यूजीलैंड को 53 ओवर में 139 रन का साधारण सा लक्ष्य मिला.

दोनों टीमों के पुछल्ले बल्लेबाजों ने भी डाला अंतर

वैसे तो गेंदबाजों से बल्लेबाजी की उम्मीद कम ही की जाती है. लेकिन न्यूजीलैंड के लिए उसके गेंदबाजों यहां भी कमाल कर दिया. एक ओर पहली पारी में भारत ने अपना 7वां विकेट 205 के स्कोर पर गंवाया था. लेकिन उसकी पारी 217 पर सिमट गई. वहीं दूसरी ओर कीवी टीम ने अपना 7वां विकेट 192 रन पर गंवाया था. लेकिन इसके बावजूद उसके पुछल्ले बल्लेबाजों की मदद से पहली पारी में उसका कुल स्कोर 249 तक पहुंचा, जिससे उसे 32 रनों की दमदार लीड मिली. दूसरी पारी में भी भारत की अंतिम 3 विकेट सिर्फ 14 रन जोड़ पाए, जबकि कीवी टीम को इसकी जरूरत नहीं पड़ी.