कुछ जीतेंगे, कुछ हारेंगे, मगर हम... भारत की जीत के बाद क्या बोले हेड कोच गौतम गंभीर ?
Published On Aug 05, 2025, 10:31 AM IST
Last UpdatedAug 05, 2025, 10:31 AM IST
374 रनों के रिकॉर्ड लक्ष्य के सामने इंग्लैंड ने अंतिम दिन स्टंप्स तक छह विकेट पर 339 रन बनाकर जीत की ओर कदम बढ़ाए दिए थे, मगर सिराज ने कमाल की गेंदबाजी कर टीम इंडिया को जीत दिला दी.
सिराज के कहर से टीम इंडिया की रोमांचक जीत
374 रनों के रिकॉर्ड लक्ष्य के सामने इंग्लैंड ने अंतिम दिन स्टंप्स तक छह विकेट पर 339 रन बनाकर जीत की ओर कदम बढ़ाए दिए थे, हालांकि, भारत ने अंतिम दिन सुबह शानदार वापसी की और बाकी बचे चार विकेट जल्दी चटकाकर मेजबान टीम को 367 रनों पर ऑलआउट कर पांच मैचों की सीरीज 2-2 से बराबर कर दी. सिराज ने फाइव विकेट हॉल हासिल किया. उन्होंने खेल के आखिरी दिन चार में तीन विकेट अपने नाम किए.
हम कभी हार नहीं मानेंगे: गंभीर
भारत की जीत के बाद गौतम गंभीर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर पोस्ट किया, “हम कुछ जीतेंगे, कुछ हारेंगे… लेकिन हम कभी हार नहीं मानेंगे ! शाबाश लड़कों !”
गंभीर को मिली संजीवनी
गौतम गंभीर को सफेद गेंद के प्रारूपों में शुरुआती सफलता मिली, लेकिन उनके टेस्ट करियर की शुरुआत न्यूज़ीलैंड के खिलाफ घरेलू मैदान पर 0-3 की हार के साथ ख़राब रही. इसके बाद ऑस्ट्रेलिया में बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में 1-3 से हार का सामना करना पड़ा. इंग्लैंड दौरा गंभीर के करियक के लिए सबसे चुनौतीपूर्ण माना जा रहा था, जहां अनुभवी रोहित शर्मा और विराट कोहली के संन्यास के बाद युवा शुभमन गिल ने कप्तानी संभाली थी. इस टेस्ट सीरीज में उनका करियर भी दांव पर भी था, मगर सीरीज में मिली बराबरी से उन्हें संजीवनी मिली है.
यही जुझारूपन टीम की पहचान है: गिल
वहीं भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने कहा, यही जुझारूपन उनकी टीम की पहचान है. गिल ने कहा, आज सुबह हमने जो किया उससे पता चलता है कि यह टीम क्या है., 70 के आसपास रन, सात विकेट हाथ में (चौथे दिन)। ब्रूक और रूट जिस तरह से खेल रहे थे दुनिया की अधिकतर टीमें खुद को मौका नहीं देती, लेकिन इस टीम का मानना है कि जब भी हमें कोई मौका मिलता है जो हम उस पर आगे बढ़ते हैं और ब्रूक के आउट होने के बाद हम यही बात कर रहे थे और फिर हमें बेथेल का शुरुआती विकेट मिल गया, यह हमारा मौका था, आइए उन पर दबाव बनाने की कोशिश करें.
‘जब आपके पास सिराज जैसा गेंदबाज हो’
भारतीय कप्तान ने कहा, लेकिन जब आपके पास सिराज जैसा गेंदबाज हो तो कप्तान के तौर पर आपका काम बहुत आसान हो जाता है, आप बस मैदान पर खड़े होते हैं और आप बस उनकी गेंदबाजी की सराहना करना चाहते हैं. गिल ने कहा, ऐसे कई पल आते हैं जब आपको लगता है कि यह सफर सार्थक है, वह पल जो हमने सुबह देखा थाऔर कई उतार-चढ़ाव आए और यह अपेक्षित भी है, खासकर खेलों में. उन्होंने कहा, जाहिर है कि हर मैच या हर बार जब आप बल्लेबाजी करने जाते हैं तो आप अच्छा प्रदर्शन करना चाहते हैं, आप शतक बनाना चाहते हैं, लेकिन दुर्भाग्य से खेल या जीवन ऐसे नहीं चलता, आपको जीवन के उतार-चढ़ाव से पार पाना चाहिए और हर समय संतुलित रहने की कोशिश करनी चाहिए.