…तब उंगली कटवाने को तैयार हो गया था कीवी ऑलराउंडर
Jacob Oram @nzc (file image)

न्यूजीलैंड क्रिकेट टीम के पूर्व ऑलराउंडर जैकब ओरम (Jacob Oram) स्कूल के समय में फुटबॉल टीम के गोलकीपर हुआ करते थे। हालांकि बाद में उन्होंने क्रिकेट को अपना करियर बनाया और इसमें वह सफल भी रहे। अपने ऑलराउंड प्रदर्शन से कई बार कीवी टीम को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभा चुके ओरम आज (28 जुलाई 2020) मंगलवार को अपना 42वां जन्मदिन (Happy Birthday Jacob Oram)मना रहे हैं।

दुनिया के सबसे लंबे कद के क्रिकेटर्स में थे शुमार 

साल 1978 में न्यूजीलैंड के मानावातू में जन्मे दुनिया के सबसे लंबे कद के खिलाड़ियों में से एक इस 1.98 मीटर ऊंचे कद के खिलाड़ी को वर्ल्ड क्रिकेट में मध्यम गति की गेंदबाजी के साथ साथ निचले क्रम में आक्रामक बल्लेबाजी के लिए जाना जाता है। साल 2001-02 समर सीजन में पैर में समस्या की वजह से ओरम को बाहर रहना पड़ा लेकिन उन्होंने 2002-03 में धमाकेदार वापसी कर अपनी जगह टेस्ट और वनडे में पक्की की।

डेब्यू वनडे में सिर्फ 4 ओवर गेंदबाजी कर पाए थे 

बाएं हाथ के इस पूर्व बल्लेबाज ने 4 जनवरी 2001 में जिम्बाब्वे के लिए वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में डेब्यू किया था। हालांकि पहले वनडे में उन्हें महज 4 ओवर ही गेंदबाजी का मौका मिला। बल्लेबाजी में उनकी बारी नहीं आई। 160 वनडे में ओरम ने कुल 2434 रन बनाए जिसमें एक शतक और 13 अर्धशतक शामिल है। इस दौरान उनका सर्वोच्च निजी स्कोर नाबाद 101 रन रहा। उपरोक्त वनडे में उन्होंने अपनी मध्यम गति की गेंदबाजी से 173 खिलाड़ियों को पवेलियन की राह दिखाई। ओरम की सर्वश्रेष्ठ वनडे गेंदबाजी 26 रन देकर 5 विकेट है।

उंगली कटवाने को हो गए थे तैयार

वर्ल्ड कप खेलने के लिए उंगली कटवाने को हो गए थे तैयार

न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया (New Zeland vs Australia) के खिलाफ खेली गई चैपल हेडली वनडे सीरीज (Chappell-Hadlee Trophy series) के दौरान बाउंड्री पर कैच लपकने के दौरान जैकब ओरम की बाएं हाथ की उंगली (Ring finger)चोटिल हो गई थी। चोट के कारण ओरम के आईसीसी 2007 वर्ल्ड कप (ICC 2007 World Cup) में खेलने को लेकर खतरा मंडराने लगा था। जिसके बाद उन्होंने कहा था कि जरूरत पड़ी तो वर्ल्ड कप खेलने के लिए वे अपनी उंगली भी कटवाने को तैयार हैं।

भारत के खिलाफ किया था टेस्ट डेब्यू

जैकब ओरम ने 12 दिसंबर 2002 को भारत के खिलाफ टेस्ट में डेब्यू किया था। उन्होंने अपना अंतिम टेस्ट साल 2009 में श्रीलंका के खिलाफ खेला। सात साल के टेस्ट करियर में ओरम ने कुल 33 टेस्ट मैच खेले जिसमें उन्होंने 5 शतक और 6 अर्धशतक की मदद से कुल 1780 रन बनाए। इस दौरान उनका बेस्ट स्कोर 133 रन रहा। गेंदबाजी में उन्होंने कुल 60 विकेट अपने नाम किए। टेस्ट मैच में उनकी सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी 63 रन देकर 6 विकेट रही।

दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ शानदार प्रदर्शन से इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज में मिली जगह

जैकब ओरम ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 2003-04 में पहले टेस्ट मैच में नाबाद 119 और दूसरी पारी में 90 रन की पारी खेल इंग्लैंड दौरे (2004) के लिए कीवी टीम में अपनी जगह पक्की की। ओरम की जगह इसके बाद 2004-05 में बांग्लादेश दौरे के लिए भी टीम में सुरक्षित रही।

स्ट्रेस फ्रेक्चर के कारण ऑस्ट्रेलिया दौरे पर नहीं जा सके

ओरम पीठ में चोट के कारण साल 2005 में ऑस्ट्रेलिया दौरे पर नहीं जा सके। हालांकि बाद में उन्होंने शतक के साथ वापसी की। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ साल 2006 में सेंचुरियन में सीरीज के तीसरे टेस्ट मैच में ओरम ने शतकीय पारी खेली।

सीबी सीरीज में किया धमाकेदार प्रदर्शन

जैकब ओरम 2006-07 सीबी सीरीज (CB Series) में धमाकेदार प्रदर्शन करने में सफल रहे। उन्होंने इस सीरीज में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अपने प्रदर्शन से सबको प्रभावित किया। ओरम की वनडे में पहला शतक ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ आया। उन्होंने 72 गेंदों पर 101 रन की पारी खेली।

चोट के कारण टेस्ट से 2009 में हुए रिटायर

चोट के कारण जैकब ओरम को साल 2009 में टेस्ट क्रिकेट को अलविदा कहना पड़ा। हालांकि इसके बाद वह वनडे और टी20 में खेलते रहे। ओरम ने आईपीएल (IPL) में चेन्नई सुपरकिंग्स (Chennai Super Kings) की ओर से खेलते हैं।