इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल 2020) के 13वें सीजन के लिए दुनिया भर से कुल 971 खिलाड़ियों ने नीलामी के लिए रजिस्ट्रेशन कराए हैं. इस टी-20 लीग के लिए खिलाड़ियों की नीलामी 19 दिसंबर, 2019 को कोलकाता में होगी. कोलकाता पहली बार इस नीलामी की मेजबानी करेगा.

On this day: बतौर कप्तान आज के दिन ही वीरेंद्र सहवाग ने खेली थी वो पारी, जिसके 8 साल बाद भी टूटने है इंतजार

हमेशा की तरह इस बार भी कई अनजान खिलाड़ी करोड़पति बन सकते हैं. पिछले सीजन केसी करियप्पा (KC Cariappa) , वरुण चक्रवर्ती (Varun Chakravarthy)  और टी.नटराजन ( T. Natarajan) ऐसे ही खिलाड़ी थे जो ज्यादा बोली लगने के कारण चर्चा में थे. आईपीएल के इतिहास में अब तक सबसे महंगे खिलाड़ियों ने कुछ खास कमाल नहीं दिखाया है.

आइए जानते हैं उन 3 भारतीय खिलाड़ियों के बारे में जिन्हें नीलामी में 10 करोड़ से अधिक की रकम मिली लेकिन वे उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर सके. :-

दिनेश कार्तिक

विकेटकीपर बल्लेबाज दिनेश कार्तिक ( Dinesh Karthik) 2014 और 2015 में टीम इंडिया के नियमित सदस्य नहीं थे. बावजूद इसके इस दाएं हाथ के अनुभवी बल्लेबाजों को आईपीएल में बड़ा अनुबंध हाथ लगा.

कार्तिक को दिल्ली डेयरडेविल्स (अब दिल्ली कैपिटल्स) ने 2014 में 12.5 करोड़ रुपये में अपने साथ जोड़ा. उस सीजन कार्तिक ने संतोषजनक प्रदर्शन किया. उन्होंने दिल्ली के 14 मैच खेले जिसमें 325 रन जुटाए.

इस प्रदर्शन के बावजूद दिल्ली ने अगले सीजन में कार्तिक को रिलीज कर दिया. कार्तिक 2015 की नीलामी में शामिल हुए. एक बार फिर उनकी बोली लगी. इस बार विराट कोहली अगुआई वाली रॉयल चैसलेंजर्स बैंगलोर (Royal Challengers Bangalore) ने दिनेश कार्तिक को 10.5 करोड़ में अपने साथ अनुबंध किया.

विराट कोहली ने विव रिचर्ड्स को कहा Big Boss, ये है वजह

आरसीबी टीम में पहले ही कोहली (Virat Kohli), क्रिस गेल (Chris Gayle) और एबी डीविलियर्स (AB devilliers) जैसे स्टार खिलाड़ी मौजूद थे. उस सीजन आरसीबी (RCB) को खिताब का प्रबल दावेदार बताया जा रहा था. बैंगलोर की फ्लैट विकेट का कार्तिक फायदा नहीं उठा सके. कार्तिक उस सीजन बैंगलोर के सभी मैचों में हिस्सा थे लेकिन उनके बल्ले से कुल 141 रन ही बन सके. 2015 में कार्तिक की औसत 12.81 रही.

युवराज सिंह

‘सिक्सर किंग’ के नाम से मशहूर युवराज सिंह ( Yuvraj Singh) को रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर और दिल्ली डेयरडेविल्स (Delhi Daredevils) ने अपने साथ 10 करोड़ से अधिक का भुगतान कर अपने साथ जोड़ा. युवराज के लिए 2014 आरसीबी के लिए अचछा रहा लेकिन जब उन्होंने दिल्ली का रूख किया तो युवी अपने उस प्रदर्शन को नहीं दोहरा पाए.

युवराज ने आईपीएल 2014 में आरसीबी के लिए 14 मैचों में 376 रन जुटाए जिसमें तीन बार 50 प्लस का स्कोर शामिल है. उन्होंने इस दौरान गेंदबाजी में भी कमाल किया और 5 विकेट भी निकाले. युवी की बेस्ट गेंदबाजी 35 रन देकर 4 विकेट रहा. उस सीजन युवी बेस्ट ऑलराउंडर्स में शुमार थे.

इस बेहतरीन प्रदर्शन के बावजूद आरसीबी ने उन्हें आईपीएल 2015 में ड्रॉप कर दिया. आरसीबी का नजर युवी को अब कम कीमत में खरीदने पर लगी थी लेकिन दिल्ली डेयरडेविल्स ने उन्हें 16 करोड़ में अपने साथ जोड़ लिया.

युवी दिल्ली के लिए 14 मैचों में 19.07 के औसत से कुल 248 रन ही बना पाए.

जयदेव उनादकट

तेज गेंदबाज जयदेव उनादकट ( Jaydev Unadkat) को राइजिंग पुणे सुपरजाइंट्स ने आईपीएल 2017 में अपने साथ जोड़ा था. उनादकट ने 12 मैचों में 24 विकेट लेकर फ्रेंचाइजी की उम्मीदों पर खरा उतरे. फैंस को 2018 में भी उनादकट से पिछले प्रदर्शन को दोहरान की उम्मीद थी.

आईपीएल 2018 में राजस्थान रॉयल्स ने 11.5 करोड़ में अपने साथ जोड़ा जो इंडियन खिलाड़ियों में सर्वाधिक कीमत थी. उनादकट को 15 मैच खेलने को मिले और उन्होंने राजस्थान रॉयल्स के लिए 11 विकेट ही ले पाए. इस दौरान उन्होंने 9.65 कइकोनोमी रेट से रन दिए. हालांकि राजस्थान की टीम प्लेऑफ में पहुंचने में सफल रही. जिसमें उनादकट का योगदान कुछ खास नहीं रहा. इसके बाद उन्हें टीम से रिलीज कर दिया गया.