Walk through the history of 1st Asia Cup from 1984
India and Pakistan last played in the ICC Champions Trophy final in June last year

भारतीय क्रिकेट टीम ने एशिया कप का खिताब सबसे ज्यादा छह बार जीता है। 13 बार खेले जा चुके इस टूर्नामेंट की शुरुआत सबसे पहले साल 1984 में हुई थी। इसमें भारतीय टीम ने पाकिस्तान और श्रीलंका को मात देते हुए सबसे पहला खिताब अपने नाम किया।

भारत ने एशिया कप पर सबसे पहले कब्जा जामया था और यह ट्रॉफी इस वक्त भी टीम इंडिया के पास ही है। पिछली बार टी-20 फॉर्मेट में खेले गए इस टूर्नामेंट के फाइनल में भारतीय टीम ने बांग्लादेश को धूल चटाया था। लेकिन कमाल की बात यह है कि साल 1984 में जब यह पहली बार खेला गया तो कोई फाइनल नहीं हुआ था।

बिना फाइनल हुआ था विजेता का फैसला

एशिया का कप सबसे पहला आयोजन सिर्फ तीन टीमों के बीच हुआ था। भारत, पाकिस्तान और श्रीलंका ने इसमें भाग लिया था। राउंड रॉबिन के आधार पर ही विजेता फैसला कर लिया गया था।

पाकिस्तान और श्रीलंका को हरा जीता था खिताब

भारत ने टूर्नामेंट में पाकिस्तान और श्रीलंका की टीम को हराकर एशिया का पहला खिताब जीता था। राउंड रॉबिन के जरिए विजेता टीम का फैसला किया गया था। भारत ने पहले मैच में श्रीलंका को 10 विकेट की करारी शिकस्त दी थी जबकि दूसरे मैच में पाकिस्तान पर 54 रन से जीत दर्ज की थी।

श्रीलंका ने पाकिस्तान को 5 विकेट से हराया था जबकि भारत से हारा था। प्वाइंट्स टेबल पर तीनों टीमों के दो मुकाबले के बाद अंक देखे गए। यहां भारत के खाते में दो जीत से 8 अंक थे जबकि श्रीलंका को पास एक जीत के बाद 4 अंक थे। पाकिस्तान को दोनों मैचों में हार की वजह से खाता भी नहीं खोल पाया था।