England vs India, 5th Test: भारत-इंग्लैंड के बीच 10 सितंबर से मैनचेस्ट में पांचवें और अंतिम टेस्ट की शुरुआत होनी थी, लेकिन भारतीय खेमे में बढ़ते कोरोना मामलों के बीच इसे रद्द करने का फैसला लिया गया. हालांकि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने साफ कर दिया है कि वह अब भी इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) के साथ मिलकर इस मैच के आयोजन के लिए विंडो की तलाश कर रहा है, जिसने फैंस को कुछ हद तक राहत जरूर दी है.

भारतीय खिलाड़ियों के परीक्षण नेगेटिव आने के बावजूद खेलने से इन्कार करने के बाद दोनों बोर्ड के बीच लगातार बातचीत होती रही. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक खुद कप्तान विराट कोहली और अन्य खिलाड़ी ऐसी परिस्थितियों में मैच में नहीं खेलना चाहते थे.

मुख्य कोच रवि शास्त्री, गेंदबाजी कोच भरत अरुण और फील्डिंग कोच आर श्रीधर के बाद सहायक फिजियो योगेश परमार के कोविड-19 के लिये पॉजिटिव पाए जाने के बाद खिलाड़ियों पर खतरा मंडरा रहा था.

बीसीसीआई अधिकारी भी विराट कोहली समेत इन खिलाड़ियों को मैच खेलने के लिए मनाने की कोशिश की, लेकिन वह नाकाम रहे. आखिर में कोहली और उनके साथियों ने जो आशंका व्यक्त की थी उसे ही प्राथमिकता दी गई.

बीसीसीआई ने बयान जारी कर कहा, “भारतीय क्रिकेट बोर्ड और ईसीबी के बीच मजबूत संबंध को देखते हुए बीसीसीआई इंग्लिश क्रिकेट बोर्ड को रद्द हुए टेस्ट मैच को पुनर्निर्धारित करने का प्रस्ताव देता है. दोनों बोर्ड मिलकर इस टेस्ट मैच को दोबारा कराने के लिए किसी उपयुक्त विंडो की तलाश करें.”

बीसीसीआई ने बयान में कहा, “दोनों बोर्ड ने मिलकर कई राउंड की चर्चा की जिससे टेस्ट मैच कराने का रास्ता निकले. हालांकि, भारतीय दल में कोरोना के मामले के कारण इस मैच को रद्द करने का फैसला लेना पड़ा.”

बयान में कहा, “बीसीसीआई ने हमेशा से खिलाड़ियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है और इससे समझौता नहीं किया है. बोर्ड ईसीबी को इस कठिन स्थिति को समझने और उनके सहयोग के लिए उन्हें धन्यवाद देता है.”