सुनील गावस्कर © Getty Images
सुनील गावस्कर © Getty Images

बुधवार को आईसीसी टी20 विश्व कप के एक महत्वपूर्ण मुकाबले में  टीम इंडिया के द्वारा बांग्लादेश को 1 रन से हराए जाने के बाद कप्तान महेंद्र सिंह धोनी के मैदान में शांत स्वभाव और दमदार कप्तानी की खूब प्रशंसा की जा रही है। लेकिन अगर टीम इंडिया इस मैच को हार जाती तो क्या होता? जाहिर उनकी कड़ी निंदा की जाती लेकिन अब जीत के बाद सब कुछ ठीक हो गया है और अब तो सुनील गावस्कर ने भी धोनी के द्वारा इतने तनाव भरे मैच में अपने दिमाग का चतुराई से उपयोग करने पर प्रशंसा की है। गावस्कर ने एनडीटीवी को बताया, “एम एस धोनी जानते थे कि उन्हें क्या करना है। उनकी योजना बताती है कि वे अपने खेल के शीर्ष पर थे। साथ ही खिलाड़ियों ने भी उस समय प्रतिबद्धता दिखाई और एक कठिन परिस्थिति से भारतीय टीम को निकाल लाए।” ये भी पढ़ें: जानिए कैसे पहुंचेगी टीम इंडिया सेमीफाइनल में

धोनी ने अंतिम ओवर फेंकने के लिए ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या का चुनाव किया था। इस ओवर में बांग्लादेश को 11 रन बनाने  थे, लेकिन बांग्लादेश टीम 9 रन बनाने में ही कामयाब हो पाई और टीम इंडिया ने मैच 1 रन के बेहद मामूमी अंतर से जीत लिया। इसी के साथ टीम इंडिया के ग्रुप 2 में चार प्वाइंट हो गए हैं जिससे कि उनकी सेमीफाइनल में पहुंचने की उम्मीदें अभी भी जिंदा हैं। इस मैच में बांग्लादेश को जब एक ओवर में जीतने के लिए 11 रन चाहिए थे तो क्रीज पर महमदुल्लाह और मुशफिकुर रहीम जैसे बल्लेबाज मौजूद थे। दोनों ने पहली तीन गेंदों में 9 रन बटोरते हुए बांग्लादेश को जीत के किनारे पहुंचा दिया था। लेकिन अंतिम तीन गेंदों में टीम इंडिया तीन विकेट लेते हुए बांग्लादेश के मुंह से जीत छीन ली।

इस संबंध में गावस्कर ने कहा, “रहीम और महमदुल्लाह बड़े हिट लगाना चाहते थे, उन्होंने वह नहीं करना चाहिए था।” पाकिस्तान के पूर्व तेज गेंदबाज शोएब अख्तर ने एम एस धोनी के निर्णय की सराहना की है। अख्तर ने ट्वीट करते हुए लिखा, “धोनी ने गेंदबाजी में परिवर्तन करके एक साहस भरा निर्णय लिया।”  धोनी ने अपनी कप्तानी में आईसीसी टी20 विश्व कप के पहले संस्करण 2007 में टीम इंडिया को जीत दिलवाई थी  और इसी टूर्नामेंट में उन्होंने गैर- अनुभवी गेंदबाज जोगिंदर शर्मा को मैच का अंतिम ओवर फेंकने के लिए दिया था। जोगिंदर ने हार्दिक पांड्या की ही तरह नाटकीय ढंग से टीम इंडिया को हारे हुए मैच में जीत दिला दी थी।

धोनी ने बांग्लादेश के खिलाफ एक तनाव भरे मैच को जीतने के बाद कहा, “मुझे लगता है कि इस प्रकार की परिस्थिति में सबको सुनना बड़ा जरूरी है। इस तरह की परिस्थितियां पूरी तरह अव्यवस्थाओं से भरी हुई होती हैं। आप ऐसे में अव्यवस्था को संभालना का प्रयास करते हैं।” टूर्नामेंट में आने से पहले 11 मैचों में से 10 मैच जीतने वाली टीम इंडिया को इस विश्व कप टी20 का प्रबल दावेदार माना जा रहा था। पहले मैच में न्यूजीलैंड से हारने के  बाद टीम इंडिया ने अगले दो मैचों में पाकिस्तान और बांग्लादेश को हराया है। वहीं अब अगर उसे सेमीफाइनल में जगह बनानी हा तो उसे हर हाल में 27 मार्च को ऑस्ट्रेलिया को हराना होगा ।