इससे पहले कि हम किसी विश्लेषण पर जाएं, एक छोटी सी चेतावनी – इंडियन प्रीमियर लीग के किसी भी चरण में मुंबई इंडियंस को कमतर आंकना मूर्खता है. वे लीग में किसी भी वक्त शानदार वापसी करने में सक्षम हैं, जब तक कि बहुत देर ना हो जाए. आईपीएल-2022 में तीन में से तीन मैचों में हार सही नहीं है, खासकर कोलकाता नाइट राइडर्स (Kolkata Knight Riders) के खिलाफ पिछले मैच के बाद से. दुर्भाग्यवश मुंबई इंडियंस (Mumbai Indians) की ज्यादातर गलतियां खुद की वजह से हैं, लेकिन इनमें से कुछ टाली जा सकती थी, जैसे कुछ खिलाड़ियों को छोड़ना और दूसरे खिलाड़ियों को आईपीएल नीलामी से पहले रिटेन करना.

पहले गेंदबाजी पर बात करते हैं. इसमें कोई शक नहीं है कि मुंबई इंडियंस को ट्रेंट बोल्ट (Trent Boult) और राहुल चाहर (Rahul Chahar) की कमी खल रही है. उन्होंने न्यूजीलैंडर को जाने दिया. कोई कल्पना कर सकता है कि उन्हें उचित रिप्लेस्टमेंट मिलेगा, जबकि टायमल मिल्स और डेनियल सैम्स ने कुछ अच्छी गति दिखाई है, इनमें से कोई भी बोल्ट नहीं है.

मानते हैं कि बुधवार (सीजन का 14वां मैच) को पैट कमिंस (Pat Cummins) ने जिस तरह बल्लेबाजी की और वेंकटेश अय्यर (Venkatesh Iyer) ने जिस तरह से आक्रमण को डिफेंड किया, वह हमेशा दोहराया नहीं जा सकता, लेकिन इसमें कोई संदेह नहीं कि जसप्रीत बुमराह को पुणे की बाउंसर पिच के साथ लोगों से बहुत कम समर्थन मिल रहा है. जहां तक ​​बल्लेबाजी का सवाल है, तो सूर्यकुमार यादव की चोट से वापसी वास्तव में अच्छी खबर थी और वापसी के बाद वह फॉर्म में भी नजर आए. अलबत्ता कमजोरियां कहीं और लगती हैं.

रोहित शर्मा (Rohit Sharma) के पास पिछले कुछ समय से सबसे अच्छी चीजें नहीं हैं. आईपीएल भी इससे अलग नहीं है. क्या उन्हें अपना दृष्टिकोण नहीं बदलना चाहिए और होल्डिंग बल्लेबाज बनने की कोशिश नहीं करनी चाहिए. बजाय इसके कि वह और ईशान किशन दोनों एक ही समय पर अटैक कर रहे हों.

अब तक मुंबई इंडियंस के तीनों मैचों में रोहित शर्मा आक्रामक शॉट्स के खेलते आउट हुए हैं. और तीनों बार आउट होने की वजह गलत शॉट्स हैं. हालांकि दिल्ली के खिलाफ उन्होंने बेहतर पारी खेली. सभवत: रोहित शर्मा के हाथ-आंख का कॉर्डिनेशन अब पहले जैसा नहीं रहा हो या उनके बल्ले की गति कम हो गई हो. वजह जो भी हो, इस पर कोई तर्क नहीं है कि वह कनेक्ट नहीं कर पा रहे हैं. यह स्कोर को प्रभावित कर रहा है.

ओपनिंग में किसी भी बदलाव पर विचार करना बहुत जल्दबाजी या असंभव भी हो सकता है, लेकिन तथ्य यह है कि मुंबई वास्तव में टॉप पर पहुंचने में सक्षम नहीं है. हो सकता है कि रोहित शर्मा के आक्रामक अंदाज टीम को बेहतर स्थिति में पहुंचा सके. मुंबई इंडियंस का सफर अभी लंबा है, लेकिन हारना, जीत की तरह, एक आदत बन सकती है. उन्हें कुछ दिक्कतों पर तत्काल ध्यान देने की जरूरत है, जिससे वे नॉकआउट के लिए क्वालीफाई में सक्षम होंगे.