Mark Wood: I’ll have to push my case  for World Cup in next two game against Pakistan
मार्क वुड © Getty Images

डेविड विली, लियाम प्लंकेट और क्रिस वोक्स के शानदार प्रदर्शन के चलते मार्क वुड के लिए विश्व कप स्क्वाड में जगह बनाना बेहद कठिन हो गया है। पाकिस्तान के खिलाफ खेली जा रही हालिया सीरीज के पहले तीन मैचों से गायब रहे वुड आखिरी दो मुकाबलों में अपने प्रदर्शन से विश्व कप चयन के लिए अपना पक्ष मजबूत करना चाहेंगे।

ट्रेंट ब्रिज वनडे से पहले वुड ने कहा, “अगले दो मैचों में मुझे अपना पक्ष मजबूत करना होगा। मैं ट्रेनिंग में डबल स्पेल्स कर रहा हूं। आमतौर पर मैं नेट में 5-6 ओवर डालता हूं लेकिन अपना वर्कलोड बढ़ाने के लिए मैं 12 ओवर डाल रहा हूं। लेकिन जब भी मैंने किसी मैच में आने की कोशिश की है, बारिश हो गई है।”

इंग्लैंड के रेगुलर गेंदबाजों के साथ साथ ऑलराउंडर जोफ्रा आर्चर के स्क्वाड में शामिल होने से वुड का काम और मुश्किल हो गया है। हालांकि वो इस कैरेबियन खिलाड़ी से काफी प्रभावित हैं और चौथे वनडे में आर्चर के साथ गेंदबाजी करने को लेकर उत्साहित हैं।

पहली बार ऑस्ट्रेलिया दौरे पर जाएगी भारतीय महिला ए टीम

उन्होंने कहा, “मुझे जोफ्रा आर्चर के विश्व कप स्क्वाड में होने की पूरी उम्मीद है। वो विश्व के सर्वश्रेष्ठ तेज गेंदबाजों के साथ ही है इसलिए उसके साथ गेंदबाजी करना दिलचस्प होगा। मुझे विश्वास नहीं हो रहा था कि उसके लिए जोस बटलर विकेट के कितने ज्यादा पीछे खड़ा था। ये देखना दिलचस्प होगा कि मेरे लिए कीपर कितना दूर खड़ा होता है। वो शायद सोच रहे होंगे कि मैं 70 की रफ्तार से गेंदबाजी करूंगा।”

आर्चर के साथ प्रतिद्वंदिता पर वुड ने कहा, “जगह के लिए प्रतिद्वंदिता है। किसी भी हाल में मुझे ये नहीं लगता है कि मैं स्क्वाड में जगह बनाने के करीब हूं। मुझे मेरी रफ्तार और जल्दी विकेट लेने की क्षमता पर आंकलित किया जाएगा। मुझे तेज गेंद डालने के लिए अपनी पूरी ताकत लगानी होगी और जोफ्रा ये बेहद आसानी से करता है जो कि थोड़ा परेशान करने वाला है। उसके पास स्वभाविक गति है जबकि मुझे ऐसा लगता है कि मुझे गति हासिल करने के लिए पूरी जान लगानी पड़ती है।”

Dream11 Prediction: इंग्लैंड-पाकिस्तान चौथे वनडे मैच में इन खिलाड़ियों पर रहेगी नजर

उन्होंने आगे कहा, “वो एकदम स्वाभाविक है और ये इंग्लिश क्रिकेट के लिए अच्छा है। वो दाएं हाथ के बल्लेबाज के लिए अंदर स्विंग कराता है और बाएं हाथ के बल्लेबाज से दूर ले जाता है, जो कि वनडे क्रिकेट में बहुत अच्छा है। लेकिन एक समय पर टीम में दो तेज गेंदबाजों का होगा अच्छा रहेगा ताकि हम ये देख सकें कि हम कितना नुकसान पहुंचा सकते हैं।”