खराब फॉर्म में चल रहे हसीब हमीद (Haseeb Hameed) की जगह इंग्लैंड की प्लेइंग इलेवन में शामिल हुए रोरी बर्न्स (Rory Burns) होबार्ट में खेले जा रहे पांचवे और आखिरी टेस्ट मैच की पहली पारी में बिना खाता खोले रन आउट हो गए। जिसके बाद पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान रिकी पॉन्टिंग(Ricky Ponting) ने उनकी जमकर आलोचना की।

बर्न्स मैच के दूसरे दिन मिशेल स्टार्क (Mitchell Starc) के ओपनिंग ओवर में अपना विकेट बचाने में कामयाब रहे, लेकिन ओपनिंग पार्टनर जैक क्रॉली (Zak Crawley) के साथ तालमेल की कमी की वजह से दूसरे ओवर में वो रन आउट हो गए।

क्रॉली ने सिंगल लेने की कोशिश में बर्न्स को कॉल दिया लेकिन फिर पीछे हट गए। हालांकि तब तक बर्न्स आधी क्रीज पार कर चुके थे और मार्नस लाबुशाने के शानदार थ्रो की मदद से ऑस्ट्रेलिया ने बर्न्स को रन आउट किया। जिसके बाद इंग्लैंड ने मात्र 2 रन पर पहला विकेट खो दिया।

ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान पॉन्टिंग ने बर्न्स के रन आउट से बचने के लिए डाइव ना करने की आलोचना की। उन्होंने चैनल 7 से कहा, “मैं इस पर एक बिंदु बनाना चाहता हूं। रोरी बर्न्स को और ज्यादा कोशिश करनी चाहिए थी। वो टीम में वापस आए है, अपने टेस्ट करियर के लिए लड़ रहे हैं, और वो अपना विकेट बचाने की कोशिश करने के लिए एक बड़ी डाइव लगाने को तैयार नहीं है।”

पॉन्टिंग ने कहा, “मुझे पता है कि ये उनकी गलती नहीं है, उनकी कॉल नहीं है। लेकिन आप कल्पना कर सकते हैं कि उसी स्थिति में मार्नस लाबुशाने, वो क्रीज से दो या तीन गज की दूरी से डाइव लगा रहे थे।”

हालांकि, इंग्लैंड के पूर्व खिलाड़ी डेविड गॉवर (David Gower) और स्टीवन फिन (Steven Finn) ने बर्न्स के प्रति अधिक सहानुभूति दिखाई और क्रॉली के सिंगल लेने की कोशिश करने के फैसले की आलोचना की।

बीटी स्पोर्ट पर बोलते हुए, गॉवर ने कहा, “बड़ी स्क्रीन पर रोरी बर्न्स को बुरी खबर मिली, जो उनकी खुद की गलती नहीं है, वो बिना रन बनाए मैदान छोड़ रहा है। ये जैक क्रॉली की तरफ से खराब कॉल था।”

इस बीच, फिन ने बीबीसी टेस्ट मैच स्पेशल से कहा, “यह एक बेहद खराब शुरुआत है। आपको रोरी बर्न्स के लिए दुख महसूस करना होगा, वो जैक क्रॉली की गलती का शिकार हुआ।”