भारत और इंग्लैंड के बीच पहला टेस्ट 9 नवंबर को खेला जाना है © Getty Images
भारत और इंग्लैंड के बीच पहला टेस्ट 9 नवंबर को खेला जाना है © Getty Images

भारत और इंग्लैंड के बीच पांच मैचों की टेस्ट सीरीज का आगाज बुधवार यानी 9 नवंबर से होने जा रहा है। विराट कोहली की कप्तानी में टीम इंडिया के इरादे बेहद मजबूद नजर आ रहे हैं। भारतीय टीम ने इससे पहले अपनी मेजबानी में न्यूजीलैंड का सूपड़ा साफ किया था। सीरीज शुरू होने से पहले ही इंग्लैंड को एक खौफनाक डर सता रहा है। एक ऐसा डर जिससे थर्राई हुई है पूरी की पूरी इंग्लैंड की टीम। एक ऐसा डर जिससे अंग्रेज टीम के पसीने छूट रहे हैं। आखिर कौन सा ये डर, आखिर इतना क्यों डर रही है इंग्लैंड की टीम। आपके इंतजार को और ना बढ़ाते हुए हम आपको बताते हैं कि इंग्लैंड की टीम भारत के ‘R-स्क्वॉयर’ से खौफजदा है। ‘R-स्क्वॉयर’ भारतीय टीम की जीत में सबसे अहम भूमिका निभाता है। ‘R-स्क्वॉयर’ भारतीय टीम का सबसे मजबूद स्तंभ है। आखिर क्या है ये ‘R-स्क्वॉयर’ जिसने अंग्रेजों के माथे पर शिकन डाल दी है। दरअसल हम ‘R-स्क्वॉयर’ कह रहे हैं भारतीय टीम के दो दिग्गज आर अश्विन और रविंद्र जडेजा को। दोनों के ही नाम आर से शुरू होते हैं और दोनों ही बेहतरीन स्पिन गेंदबाज हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ दोनों ने ही मिलकर टीम के लिए सर्वाधिक विकेट लिए हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ भारत की एकतरफा जीत का कारण दोनों की बेहतरीन गेंदबाजी रही थी।

आर अश्विन:

भारत के सबसे बेहतरीन फिरकी गेंदबाजों में से एक आर अश्विन टीम के सबसे भरोसेमंद गेंदबाज हैं। अश्विन टीम के लिए संकटमोचक हैं। जब भी टीम मुसीबत में होती है और टीम को विकेट की जरूरत होती है ऐसे में कप्तान को अश्विन ही याद आते हैं और अश्विन कप्तान को निराश भी नहीं करते। अश्विन के टेस्ट करियर की बात करें तो अश्विन ने अब तक खेले गए 39 टेस्ट मैचों में 24 की शानदार औसत से 220 विकेट चटकाए हैं। वहीं अश्विन का मैच में सर्वोच्च प्रदर्शन 59 रन देकर 7 विकेट रहा है। इस दौरान अश्विन ने मैच में 7 बार चार विकेट और 21 बार पांच विकेट प्राप्त किए हैं। आकड़ों से साफ है अश्विन किस कदर खतरनाक गेंदबाज हैं।  [ये भी पढ़ें: नाइक ने कई खिलाड़ियों की किटों से हटाई अपनी स्पॉन्सरशिप]

वहीं भारत में खेलते वक्त आर अश्विन और विकराल हो जाते हैं। भारत में खेले गए 22 मैचों में 153 विकेट झटके हैं। इस दौरान अश्विन ने 16 बार पांच विकेट प्राप्त किए हैं। अश्विन के करियर का सर्वोच्च भारत में ही बना है। वहीं पिछली सीरीज में न्यूजीलैंड के खिलाफ अश्विन ने कीवी बल्लेबाजों की कमर तोड़ कर रख दी। अश्विन ने तीन टेस्ट मैचों की सीरीज में 27 विकेट लिए थे। अश्विन ने पहले टेस्ट में 10, दूसरे टेस्ट में चार और तीसरे टेस्ट में 13 विकेट लिए थे। अश्विन भारत की तरफ से सबसे तेज 200 विकेट लेने वाले गेंदबाज बने थे।

वहीं अगर इंग्लैंडे के खिलाफ आर अश्विन के प्रदर्शन की बात करें तो अश्विन ने इंग्लैंड के खिलाफ 6 मैचों में कुल 17 विकेट हासिल किए हैं। इस दौरान अश्विन का सर्वोच्च प्रदर्शन 72 रन देकर 3 विकेट रहा है।

रविंद्र जडेजा:

वहीं रविंद्र जडेजा की बात करें तो जडेजा ने अब तक खेले गए 20 मैचों में 85 विकेट हासिल किए हैं। अश्विन का बेस्ट 138 रन देकर 6 विकेट रहा है। जडेजा ने मैच में दो बार चार और पांच बार पांच विकेट चटकाए हैं। वहीं घरेलू सरजमीं पर खेलते हुए जडेजा ने 12 मैचों में 64 विकेट हासिल किए हैं। इस दौरान जडेजा ने चार बार पांच विकेट लिए हैं। वहीं कीवी टीम के खलिाफ पिछली सीरीज में जडेजा ने 14 विकेट लिए थे। वहीं इंग्लैंड के खिलाफ जडेजा के प्रदर्शन की बात करें तो इंग्लैंड के खिलाफ जडेजा ने पांच मैचों में 12 विकेट चटकाए हैं। हालांकि इंग्लैंड के खिलाफ जडेजा उतने असरदार साबित नहीं हुए हैं लेकिन मौजूदा फॉर्म को देखते हुए जडेजा टीम के लिए काफी फायदेमंद साबित हो सकते हैं। जडेजा से टीम को एक बार फिर से बेहतरीन प्रदर्शन की उम्मीद होगी।

साथ में आर अश्विन और रविंद्र जडेजा:

जब दोनों ही गेंदबाज साथ में गेंदबाजी कराते हैं तो जोड़ी में इनका प्रदर्शन और भी खतरनाक हो जाता है। अश्विन और जडेजा की जोड़ी को खेलना विपक्षी टीम के लिए टेढ़ी खीर साबित होता है। दोनों ही गेंदबाज मिलकर पूरी टीम को समटने का माद्दा रखते हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ सीरीज की बात करें तो दोनों ने मिलकर 41 विकेट झटके थे। ऐसे में इंग्लैंड टीम का डरना तो स्वाभाविक ही है। अगर इंग्लैंड को भारत के खिलाफ जात हासिल करनी है तो इस बात पर बहुत कुछ निर्भर करेगा कि इंग्लैंड की टीम इन दोनों गेंदबाजों को किस प्रकार खेलती है। भारत के लिए ये दोनों ही गेंदबाज तुरुप का इक्का साबित हो सकते हैं। दोनों के प्रदर्शन के आधार पर ही टीम को जीत हासिल हो सकती है।