India’s ICC World Cup jigsaw almost complete, few slots to be filled- Deep Dasgupta

इंग्लैंड में होने वाले आईसीसी विश्व कप के लिए भारतीय टीम लगभग तय हो चुकी है। कुछ जगह है जिसको लेकर आखिरी फैसला किया जाना है। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ होने वाले अगले चार वनडे मुकाबले टीम इंडिया के लिए अहम साबित होने वाले हैं।

शनिवार को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले वनडे में विराट कोहली नंबर तीन पर बल्लेबाजी करने आए, तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह की भी वापसी हुई। पहले दो वनडे में भुवनेश्वर कुमार को आराम दिया गया है, बुमराह और मोहम्मद शमी की जोड़ी ने शानदार प्रदर्शन किया। दोनों गेंदबाजों ने दो-दो विकेट हासिल किए।

मुझे लगता है विश्व कप में भारतीय टीम की किस्मत बहुत हद तक इस बात पर निर्भर करेगी कि दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ प्लेइंग इलेवन कैसा रहता है। महज एक मैच के बाद प्लेइंग इलेवन में बदलाव करना बेहद मुश्किल होगा और विश्व कप में भारत के पहले तीन मुकाबले दक्षिण अफ्रीका, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड की टीम के खिलाफ होने हैं। पहले मैच के लिए सही कॉम्बिनेशन का चुनाव करना टीम मैनेजमेंट के लिए अनिवार्य होगा। इसके लिए ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बचे चार वनडे काफी महत्वपूर्ण रहने वाले हैं।

हैदराबाद वनडे में केदार जाधव की 87 गेंद पर 81 रनों की मैच विनिंग नाबाद पारी, जिसमें महेंद्र सिंह धोनी के साथ उन्होंने 141 की अटूट साझेदारी निभाई, मेरे मुताबिक विश्व कप में नंबर 6 पर उनकी जगह पक्की करती है। जीत के बाद जाधव ने बताया था, कैसे धोनी हर किसी को सहज महसूस कराते हैं और कैसे उनको भी इससे आत्मविश्वास मिला।

इससे पता चलता है, इस वक्त भारतीय टीम में धोनी क्या महत्व रखते हैं। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ साल का लगातार चौथा अर्धशतक बनाकर उन्होंने जताया कि टीम को देने के लिए अब भी उनके अंदर काफी कुछ बाकी है। भारत का मिडिल ऑर्डर काफी अच्छा नजर आ रहा है, ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बचे बाकी चार मैच में अंबाती रायडू रन बनाते हैं तो फिर टीम बेहतरीन हो जाएगी।

लेकिन सवाल रहेगा सिद्धार्थ कौल या उमेश यादव, रिषभ पंत या दिनेश कार्तिक का। क्या विजय शंकर बेहतर साबित होंगे, अगर हार्दिक पांड्या की चोट उससे ज्यादा गंभीर हो जितना की हम समझ रहे हैं?। ये कुछ सवाल है जिनका जवाब विश्व कप में जाने से पहले हमें तलाशना होगा । कुछ जवाब तो ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरीज खत्म होने के बाद हमें मिल जाएंगे।

जैसा कि कोहली ने साफ किया है कि आईपीएल का विश्व कप टीम चयन पर कोई प्रभाव नहीं रहेगा, हालिया सीरीज काफी मायने रखेगी।

वो आपके पांचवें गेंदबाज का विकल्प नहीं हैं, हां छठे विकल्प के तौर पर 4-6 ओवर कर सकते हैं अगर दिन अच्छा रहा। हैदराबाद में हमने देखा तीन ओवर की गेंदबाजी में उन्होंने 22 रन दिए। जैसा कि विजय ने टी20 में भी गेंदबाजी की थी वो वनडे में 10 ओवर गेंदबाजी करने वाले गेंदबाज नहीं हैं। फिर भी विश्व कप से पहले जितना वक्त है उसमें उनकी क्षमता को पूरा परखने देने की जरूरत है।

चूंकि हार्दिक पांड्या पिछले कुछ महीनों से चोट से जूझ रहे हैं तो दूसरे विकल्प की तलाश करना अनिवार्य हो जाता है। ऐसा ना हो कि वो समय पर रिकवर ना कर पाए या आईपीएल के दौरान चोट उभर आए।

कौल और उमेश चौथे गेंदबाज की जगह के लिए लड़ रहे हैं जबकि खलील अहमद को इस स्थान के लिए नहीं गिना जा रहा। उमेश को पहले टी20 में काफी रन पड़े जबकि कौल दूसरे मुकाबले में कुछ खास नहीं कर पाए। जैसा की कोहली कह चुके हैं आईपीएल का प्रदर्शन मायने नहीं रखेगा तो फिर चौथे तेज गेंदबाज की जगह किसको मिलेगी। पांड्या के चोटिल होने की सूरत में कोहली विश्व कप के लिए बिना चौथे तेज गेंदबाज के इंग्लैंड नहीं जाना चाहेंगे।

इसके बाद रिजर्व विकेटकीपर के साथ मिडिल ऑर्डर बल्लेबाज की जगह, जिसके लिए मेरे मुताबिक रिषभ पंत और दिनेश कार्तिक दो ही दावेदार हैं। दोनों ने ही ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टी20 में मौका गंवाया लेकिन पंत वनडे टीम में है तो उनको एक-दो मौके मिल सकते हैं।

विश्व कप टीम चयन को ध्यान में रखकर कुछ नाम चुने गए, जिसमें केएल राहुल ही अकेले मौके का फायदा उठाने में कामयाब रहे। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दोनों ही टी20 मैच में वह बेहतरीन नजर आए। तीसरे ओपनर के तौर पर मैनेजमेंट के लिए राहुल पहली पसंद दिख रहे हैं और उनके प्रदर्शन ने भी इसको सही साबित किया है।