एमएस धोनी © Getty Images
एमएस धोनी © Getty Images

एमएस धोनी ने भारतीय टीम के वनडे और टी20 के कप्तानी पद से इस्तीफा दे दिया है। वह साल 2007 से 2016 तक टीम इंडिया के कप्तान रहे। इस दौरान उन्होंने अपने से भी खूब जौहर दिखाया। एमएस धोनी टीम इंडिया के विस्फोटक बल्लेबाजों में एक हैं। साथ ही भारतीय टीम की ओर से सर्वाधिक छक्कों का रिकॉर्ड भी एमएस के नाम ही है। वनडे क्रिकेट में वह अब तक कुल 197 छक्के जड़ चुके हैं। धोनी के अंतरराष्ट्रीय करियर शुरु किए हुए 12 सालों से ज्यादा का समय बीत चुका है। साथ ही वह इस दौरानकुल 9 सालों तक टीम इंडिया के कप्तान रहे। धोनी ने कुल 199 वनडे मैचों में टीम इंडिया की कप्तानी की और इस दौरान कई धमाकेदार पारियां खेलीं। लेकिन इनमें से कुछ यादगार बन गईं। हम उन पारियों की ही एक लिस्ट आपके साथ साझा कर रहे हैं।

1. भारत बनाम श्रीलंका, 2013: भारत और श्रीलंका के बीच साल 2012 में वनडे सीरीज का पांचवा वनडे मैच खेला जा रहा था। पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम ने अपने 4 विकेट 38वें ओवर में 197 रनों पर गंवा दिए। रन रेट कम था। ऐसे में बल्लेबाजी करने आए एमएस धोनी ने रन रेट बढ़ाने में अभिन्न भूमिका निभाई और श्रीलंकाई गेंदबाजों की बखिया उधेड़ दी। धोनी ने इस दौरान 38 गेंदों में 58 रन 152.63 के स्ट्राइक रेट के साथ ठोके और भारत को 50 ओवरों में 294 रनों के स्कोर तक पहुंचाया। धोनी ने अपनी इस पारी में 8 चौके और एक छक्का जड़ा था। यह धोनी के वनडे क्रिकेट जीवन की पांचवीं सबसे तेज पारी है। अंततः भारत ने यह मैच 20 रनों से जीत लिया। [ये भी पढ़ें: वनडे और टी20I की कप्तानी से एमएस धोनी के इस्तीफा देने के 5 बड़े कारण]

2. भारत बनाम पाकिस्तान, 2006: भारत और पाकिस्तान के बीच लाहौर के गद्दाफी स्टेडियम में वनडे सीरीज का तीसरा वनडे खेला गया। पहले बल्लेबाजी करते हुए पाकिस्तान ने 288 रन बनाए। जवाब में बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम ने 34वें ओवर में अपने चार विकेट 189 पर गंवा दिए। ऐसे में अब भारत को अगले 17 ओवरों में 100 रन जीतने के लिए बनाने थे। नए बल्लेबाज एमएस धोनी ने ताबड़तोड़ बल्लेबाजी का मुजाहिरा पेश किया और मैदान के चारों ओर स्ट्रोक लगाए। धोनी ने इस दौरान 46 गेंदों में 72 रन 156.52 के स्ट्राइक रेट के साथ ठोके। इस दौरान उन्होंने 13 चौके जड़े। इस पारी के दौरान उन्होंने पाकिस्तान के गेंदबाज यासिर अराफात को खूब निशाना बनाया।

3. भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया, 2013: साल 2013 की बात है भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच वनडे सीरीज का सातवां मैच बैंगलुरू में खेला गया। भारत को रोहित शर्मा ने शानदार शुरुआत दी और टीम इंडिया ने पारी के 34वेंओवर तक 207 रन बना लिए थे। ऐसे में पारी को दोनों छोर से तेजी देनी की जरूरत थी। एमएस धोनी आए और उन्होंने रोहित शर्मा का दूसरे छोर से खूब साथ निभाया। धोनी ने आनन फानन में 38 गेंदो में 62 रन ठोक दिए। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 163.15 का रहा और उन्होंने 7 चौके व दो छक्के जड़े। इसी मैच में रोहित ने भी 209 रनों की पारी खेली थी। भारत ने 383 रन बनाए और अंततः मैच 57 रनों से जीत लिया।

4. भारत बनाम इंग्लैंड, 2011: यह बात साल 2011 की है। भारत और इंग्लैंड के बीच वनडे सीरीज का पांचवा वनडे मैच खेला जा रहा था। भारत ने अपने चार विकेट 44वें ओवर में 236 रनों पर गंवा दिए। ऐसे में विकेट संभाल रन रेट बढ़ाने की जिम्मेदारी धोनी को मिली। धोनी ने आनन फानन में 26 गेंदों में 50 रन ठोक दिए। ये रन उन्होंने 193.30 के स्ट्राइक रेट से बनाए थे। इसमें 2 छक्के और 5 चौके शामिल थे। धोनी की इस पारी के मदद से भारत ने स्कोरबोर्ड पर 304 रन टांग दिए। लेकिन टीम इंडिया डकवर्थ लुईस नियम की वजह से मैच 6 विकेट से हार गई।

5. भारत बनाम दक्षिण अफ्रीका, 2010: भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच ग्वालियर में वनडे सीरीज का दूसरा एकदिवसीय खेला गया। इस मैच में मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर ने 147 गेंदों में 200* रन बनाकर इतिहास तो रचा ही। साथ ही एम एस धोनी ने भी अपने करियर की सबसे आतिशी पारी इसी दौरान खेली। धोनी ने इस मैच में 35 गेंदों में 68 रन ठोक दिए थे जिसमें 7 चौके और 4 छक्के शामिल थे। इस दौरान धोनी का स्ट्राइक रेट 194.28 था। यह धोनी की 50 रनों से ज्यादा खेली गई पारियों में सबसे ज्यादा स्ट्राइक रेट वाली पारी है।

नोट: इस लेख में एमएस धोनी द्वारा जड़ी गईं 50 या उससे अधिक रनों की पारियों को सम्मिलित किया गया है।