Had I not played for India now, it would have been very late says Khaleel Ahmed
Khaleel Ahmed against afghanistan@ ians

भारतीय टीम के युवा तेज गेंदबाज खलील अहमद ने पिछले दिनों अपने प्रदर्शन से काफी प्रभावित किया है। बाएं हाथ के तेज गेंदबाज ने वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे और फिर टी20 सीरीज में काफी अच्छी गेंदबाजी की। उनका मानना है भारत के लिए खेलने का यह सही वक्त है अगर अभी वह नहीं खेलते तो काफी देर हो जाती।

विश्व कप को ध्यान में रखते हुए भारतीय टीम को एक बाएं हाथ के गेंदबाजी की जरूरत थी जिसे खलील पूरा करते नजर आ रहे हैं। खलील साल 2016 की अंडर 19 विश्व कप टीम का हिस्सा थे। राजस्थान के टोंक के खलील को भारतीय टीम में जगह बनाने के लिए दो साल का इंतजार करना पड़ा।

सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में वापसी

राजस्थान के लिए रणजी मुकाबलों में ज्यादा कुछ नहीं कर पाने वाले खलील ने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में खासा प्रभावित किया। 10 मैच खेलकर 6.76 की इकोनॉमी के गेंदबाजी करते हुए खलील ने 17 विकेट चटकाए थे।

रात को नींद नहीं आती थी

खलील ने टाइम्स ऑफ इंडिया के साथ बात करते हुए कहा, ”अगर मैं अभी भारत के लिए नहीं खेल पाता तो काफी देर हो जाता। मुझे डर है कि उम्र बढ़ने के साथ मेरा शरीर उतना नहीं दे पाता जितना अभी दे रहा है। मुझे सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के वक्त नींद नहीं आती थी। मैं रात को उठकर घड़ी देखता था कि कब मैदान पर जाकर तेज रफ्तार से गेंद कर विकेट हासिल करूंगा। मैंने यह मौका नहीं जाने देना चाहता था जैसा रणजी के दौरान गंवाया था।”

जहीर खान को फोन करने से हिचकिचाते थे

जहीर खान को अपना आदर्श मानने वाले खलील ने बताया कि उनको नेट्स में गेंदबाजी करते देखने से बड़ी प्रेरणा कुछ नहीं। ”मैंने अपनी गेंदबाजी पर काम किया, NCA गया था लेकिन वहां कोई विशेषज्ञ गेंदबाजी कोच नहीं था। दिल्ली डेयरडेविल्स की तरफ से खेलते वक्त जहीर खान से बात हुई थी लेकिन मुझे लगता था हमेशा उनको कॉल नहीं करना चाहिए। उनको नेट्स में गेंदबाजी करते देखता था और घर पर जाकर कॉपी करता था।”