कीरोन पोलार्ड   © IANS
कायरान पोलार्ड © IANS

इंडियन प्रीमियर लीग की शुरुआत दर्शकों के मनोरंजन के लिए हुई थी और अपने पहले सीजन से ही यह टूर्नामेंट अपने मकसद में पूरी तरह कामयाब रहा। विश्व क्रिकेट के कई दिग्गज खिलाड़ियों को एक साथ एक ही मंच पर खेलते देखना किसी भी क्रिकेट फैन के लिए रोमांचक होगा। आईपीएल के दस साल के सफर में कई ऐसे मैच हुए जिन्होंने किसी एक खिलाड़ी की छवि बदल कर रख दी। ऐसा ही एक मैच आईपीएल 2012 सीजन में मुंबई इंडियंस और राजस्थान रॉयल्स के बीच खेला गया था। इस मैच में जो खिलाड़ी अपनी टीम के लिए नायक बनकर उभरा था वह है कायरान पोलार्ड। पोलार्ड साल 2010 में सबसे महंगे खिलाड़ी के रूप में मुंबई इंडियंस टीम से जुड़े थे और तब से आज तक वह इसी टीम के लिए खेलते हैं। पोलार्ड ने 11 अप्रैल 2012 को खेले गए इस मैच में ना केवल बल्ले से बल्कि गेंद से भी शानदार प्रदर्शन किया था।

मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम यानि मुंबई इंडियंस के घरेलू मैदान पर खेला गया यह मैच लीग का 12 वां मैच था। टॉस जीतकर राजस्थान टीम के कप्तान राहुल द्रविड़ ने पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। वानखेड़े की पिच बल्लेबाजी के लिए सही मानी जाती है और इसलिए द्रविड़ को लक्ष्य का पीछा करना आसान विकल्प लगा। पहले बल्लेबाजी करने उतरी मुंबई इंडियंस की शुरुआत बेहद ही खराब रही। सलामी बल्लेबाज तिरुमलसेट्टी सुमन चौथे ओवर में ही अमित सिंह की गेंद पर कैच आउट हो गए। इसके बाद बल्लेबाजी करने आए मौजूदा कप्तान रोहित शर्मा, हालांकि उस सीजन में मुंबई इंडियंस की कप्तानी हरभजन सिंह कर रहे थे। रोहित भी कोई खास स्कोर नहीं बना पाए और 21 रन बनाकर सातवें ओवर में ब्रैड हॉज की गेंद पर बोल्ड हो गए। रिचर्ड लेवी के साथ रोहित ने एक छोटी साझेदारी जरूर बनाई। लेवी भी नौवे ओवर में हॉज का शिकार बने। नौवे ओवर तक मुंबई ने 68 के स्कोर पर तीन बड़े विकेट खो दिए थे। इसके बाद मैदान पर उतरे काइरान पोलार्ड जिन्होंने मैच का रुख बदल कर रख दिया। [ये भी पढ़ें: हार के जख्मों को भरने उतरेंगी दिल्ली डेयरडेविल्स और राइजिंग पुणे सुपरजायंट]

पोलार्ड ने पहले अंबाती रायडू के साथ मिलकर एक-दो रन लेकर साझेदारी बनाई और फिर मौका मिलते ही चौके-छक्कों की झड़ी लगा दी। जोहान बोथा के 14वें ओवर में पोलार्ड ने चार गेंदो में लगातार दो चौके और दो छक्के जड़े। दोनों ने मिलकर मुंबई का स्कोर 100 के आंकड़ के पार पहुंचाया। इसी बीच पोलार्ड ने अपना अर्धशतक भी पूरा किया। पोलार्ड ने 193 के स्ट्राइक रेट से केवल 33 गेंदो में 64 रन जड़ दिए। इस पारी में उन्होंने 6 चौके और चार छक्के लगाए। हालांकि वह अपना शतक पूरा नहीं कर सके और 17वें ओवर में अंकित चव्हाण की पहली तीन गेदों पर दो चौके और एक छक्का लगाने के बाद आखिरी गेंद पर स्लिप में अजिंक्य रहाणे को कैच थमा बैठे लेकिन जाने से पहले वह एक बड़े स्कोर की नींव रख चुके थे। पोलार्ड जब आउट हुए तब मुंबई का स्कोर 164 पर चार विकेट था। यहां से रायडू ने पारी को संभाला और छोटी-छोटी साझेदारियों की मदद से इस स्कोर को 197 तक ले आए। मुंबई 200 का आंकड़ा पाने से केवल तीन रन पीछे रहे गई और रायडू का अर्धशतक पूरा होने में भी केवल तीन रन बाकी रह गए। रायडू 47 रन बनाकर नाबाद लौटे।

राजस्थान को जीतने के लिए 20 ओवर में 198 रन बनाने थे। हालांकि राजस्थान टीम का बल्लेबाजी क्रम राहुल द्रविड़, अजिंक्य रहाणे और ओवेस शाह की मौजूदगी से काफी मजबूत था लेकिन मुनाफ पटेल और पोलार्ड ने मिलकर इस अभेद किले में सेंध लगाई। दूसरे ही ओवर की तीसरी गेंद पर द्रविड़ (3) और फिर चौथी गेंद पर श्रीवस्त गोस्वामी को शून्य पर पवेलियन भेज मुनाफ पटेल ने राजस्थान को तगड़ा झटका दिया। अब बारी थी पोलार्ड की, उन्होंने 12वें ओवर में शानदार बल्लेबाजी कर रहे रहाणे (40) को अर्धशतक पूरा करने से पहले ही लेवी के हाथों कैच आउट कराया। 89 पर तीन विकेट गिरने के बाद ओवेस शाह ने पारी को संभाला। शाह ने दूसरे छोर पर लगातार विकेट गिरने के बावजूद आक्रामक बल्लेबाजी का प्रदर्शन किया। मात्र तीन ओवर में वह राजस्थान के स्कोर को 134 तक ले आए। [ये भी पढ़ें: बेन स्टोक्स का रिकॉर्ड देखकर चौंक गए एम एस धोनी]

ओवेस को आउट करने के लिए हरभजन ने अपनी टीम के सबसे घातक गेंदबाज को चुना। 15वें ओवर में लसिथ मलिंगा ने मुंबई को चौथा और सबसे अहम विकेट दिलाया। पहली ही गेंद पर अटैक करने के लिए तैयार खड़े शाह ने लेग स्टंप छोड़कर शॉट खेलने के लिए जगह बनाई लेकिन मलिंगा की यार्कर सीधा ऑफ स्टंप पर जाकर लगी और शाह को पवेलियन लौटना पड़ा। शाह ने 42 गेदों में 76 रनों की पारी खेली। शाह के आउट होने के बाद राजस्थान का बल्लेबाजी क्रम ताश के पत्तों की तरह बिखर गया। पोलार्ड ने अशोक मेनारिया, अंकित चव्हाण और फिर अमित सिंह को आउट पर राजस्थान की पारी को 170 रन पर समेटा।

रहाणे और शाह की संघर्षपूर्ण पारी के अलावा मैच काफी हद तक एकतरफा ही रहा। मुंबई ने राजस्थान को 27 रन से हराकर सीजन में अपनी तीसरी जीत दर्ज की। 64 रन की शानदार पारी खेलने और चार विकेट चटकाने के लिए मैन ऑफ द मैच का खिताब कायरान पोलार्ड को मिला। मुंबई आईपीएल 2012 सीजन में शीर्ष चार टीमों में से एक थी। इलिमिनेटर मैच में चेन्नई सुपर किंग्स से हारकर मुंबई इस प्रतियोगिता से बाहर हो गई थी।