पूर्व भारतीय क्रिकेटर आकाश चोपड़ा (Aakash Chopra) ने इंडियन प्रीमियर लीग (IPL 2020) के 13वें सीजन के सबसे विवादित फैसले- दिनेश कार्तिक (Dinesh Karthik) के बीच टूर्नामेंट में कप्तानी से हटने पर बात की। चोपड़ा का कहना है कि वो नहीं मानते कि कार्तिक ने अपनी मर्जी से केकेआर टीम की कप्तानी छोड़ी।

अपने फेसबुक पेज पर शेयर किए गए एक वीडियो पर चोपड़ा ने कहा, “पहली बात तो मैं निराश था क्योंकि जब आप पहले सात में से चार मैच जीते हैं और अगर आप उस प्रदर्शन को दोहरा सकते हैं तो आठ जीत प्लेऑफ में क्वालिफाई करने के लिए काफी थे। 16 अंकों के साथ दिल्ली दूसरे स्थान पर थी।”

उन्होंने कहा, “इसलिए अगर चीजें वहां से खराब हुई, आप बीच टूर्नामेंट में कप्तान बदल देते हैं, ये कहा जा रहा था कि दिनेश कार्तिक ने कप्तानी छोड़ी थी लेकिन क्या वो ऐसा करता?”

भारतीय कमेंटेटर ने आगे कहा, “क्या इयोन मोर्गन को कप्तानी सौंपे जाने के बाद टीम के प्रदर्शन में सुधार हुआ? क्या इयोन मोर्गन सही कप्तान हैं ये भी एक बड़ा सवाल होगा क्योंकि वो एक विदेशी खिलाड़ी है और क्या वो अपनी रणनीति के मामले में सही है और क्या उनका टीम में रहना 100% निश्चित है, हालांकि उसका प्रदर्शन अच्छा था।”

यूएई में आयोजित हुए 13वें आईपीएल सीजन की शुरुआत से ही फैंस विश्व कप विजेता मोर्गन को कोलकाता फ्रेंचाइजी का कप्तान बनाए जाने की मांग कर रहे थे लेकिन जिस तरह टूर्नामेंट के बीच में कप्तान को बदला गया वो फैंस के गले भी नहीं उतरा।